पोस्ट के अंत में अमित मालवीय ने कहा कि राज्य की जनता सुरक्षा, जवाबदेही और बदलाव की हकदार है, और अब लोग इन सबकी खुलकर मांग कर रहे हैं
कोलकाता। गोलपार्क इलाके में हुई हिंसा को लेकर भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता अमित मालवीय ने मंगलवार तड़के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर एक कड़ा बयान दिया। अपने पोस्ट में उन्होंने आरोप लगाया कि तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की एक कथित “पिकनिक” हिंसक अराजकता में बदल गई, जब कुख्यात टीएमसी बदमाश सोना पप्पू और उसके साथियों ने पंचाननतला बस्ती इलाके पर हमला किया।
अमित मालवीय के अनुसार, इस हमले के दौरान ईंटें और देसी बम फेंके गए, गोलियां चलाई गईं और विस्फोटों में दो निर्दोष नागरिक घायल हो गए। उन्होंने इसे सुनियोजित हिंसा करार देते हुए कहा कि यह घटना राज्य में कानून-व्यवस्था की भयावह स्थिति को उजागर करती है।
अपने पोस्ट में मालवीय ने यह भी कहा कि अब बंगाल के नागरिक, खासकर महिलाएं, टीएमसी समर्थित पुलिस से सीधे सवाल पूछ रही हैं—इतनी बड़ी संख्या में बम इलाके में कैसे पहुंचे और पुलिस ने समय रहते कार्रवाई करने का साहस क्यों नहीं दिखाया।
उन्होंने इसे दुर्भाग्यपूर्ण और आक्रोशजनक बताते हुए कहा कि दक्षिण कोलकाता का शांत और आवासीय इलाका गोलपार्क भी अब गैंगवार और बम धमाकों का गवाह बन गया है। मालवीय का आरोप है कि राजनीतिक संरक्षण प्राप्त असामाजिक तत्वों द्वारा सार्वजनिक स्थानों पर कब्जा लगभग पूरा हो चुका है।
पोस्ट के अंत में अमित मालवीय ने कहा कि राज्य की जनता सुरक्षा, जवाबदेही और बदलाव की हकदार है, और अब लोग इन सबकी खुलकर मांग कर रहे हैं।
बहरहाल, भाजपा नेता के इस पोस्ट को लेकर खबर लिखे जाने तक तृणमूल कांग्रेस की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई थी।