कोलकाता पुलिस का कहना है कि प्रदर्शन से जुड़े तमाम डिजिटल साक्ष्यों, फोटो और वीडियो रिकॉर्डिंग की बारीकी से पड़ताल की जा रही है
कोलकाता। नीट प्रश्नपत्र लीक के विरोध में आयोजित छात्र-युवा प्रदर्शन में शामिल होना प्रसिद्ध अभिनेत्री श्रीलेखा मित्रा के लिए गंभीर कानूनी अड़चनों का कारण बन गया है। धर्मतल्ला मार्च के दौरान उनके हाथ में मौजूद एक पोस्टर को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। आरोप है कि उस पोस्टर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का बेहद आपत्तिजनक चित्र प्रदर्शित किया गया था। इस मामले को लेकर अभिनेत्री के खिलाफ आनंदपुर और विधाननगर थानों में एफआईआर दर्ज कर ली गई है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, दर्ज कराई गई शिकायतों में आरोप लगाया गया है कि प्रदर्शन के दौरान श्रीलेखा मित्रा ने एक ऐसा पोस्टर हाथों में ले रखा था, जिससे देश के प्रधानमंत्री की गरिमा और छवि को ठेस पहुंची है। शिकायत दर्ज होने के बाद पुलिस ने संबंधित कानूनी धाराओं के तहत मामला दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस इस बात का पता लगा रही है कि यह पोस्टर किसने और किस मंशा से तैयार किया था तथा इसे सार्वजनिक मंच पर प्रदर्शित करने के पीछे क्या परिस्थितियां थीं।
उल्लेखनीय है कि नीट अनियमितताओं के विरोध में शुक्रवार को शियालदह से धर्मतल्ला तक विशाल मार्च निकाला गया था। प्रदर्शन के अंतिम चरण में अचानक हिंसा भड़क गई थी, जिसमें पुलिसकर्मियों और पत्रकारों पर बर्बर हमले किए गए थे। इस घटना को लेकर सीएम शुभेंदु के सख्त निर्देश के बाद पुलिस पहले ही कड़े कदम उठा रही है। अब उसी प्रदर्शन से जुड़े इस नए मामले ने अभिनेत्री की मुश्किलें बढ़ा दी हैं।
कोलकाता पुलिस का कहना है कि प्रदर्शन से जुड़े तमाम डिजिटल साक्ष्यों, फोटो और वीडियो रिकॉर्डिंग की बारीकी से पड़ताल की जा रही है। जांच के आधार पर ही आगे की कानूनी कार्रवाई तय की जाएगी। वहीं दूसरी ओर, दर्ज एफआईआर को लेकर फिलहाल अभिनेत्री श्रीलेखा मित्रा की तरफ से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया या बयान सामने नहीं आया है।