शौकत के समर्थकों का भारी विरोध
कोलकाता। विधानसभा चुनाव के लिए उम्मीदवारों की घोषणा होते ही भांगड़ और कैनिंग पूर्व इलाके में असंतोष की आग भड़क उठी है। कद्दावर नेता शौकत मोल्ला को भांगड़ से उम्मीदवार बनाए जाने के फैसले के खिलाफ उनके समर्थकों ने मोर्चा खोल दिया है। बुधवार सुबह लगातार दूसरे दिन शौकत मोल्ला के आवास के बाहर सैकड़ों समर्थकों ने जमकर नारेबाजी की और टायर जलाकर सड़क जाम कर दिया। समर्थकों की साफ मांग है कि शौकत मोल्ला को उनकी पुरानी सीट कैनिंग पूर्व से ही चुनाव लड़ाया जाए, जहाँ से वे वर्तमान में विधायक हैं। इस विवाद की जड़ में सीटों की अदला-बदली और बाहरी बनाम स्थानीय का मुद्दा है। दरअसल, तृणमूल नेतृत्व ने इस बार कैनिंग पूर्व से बहारुल इस्लाम को मैदान में उतारा है और शौकत मोल्ला को भांगड़ की चुनौतीपूर्ण सीट पर भेजा है।
शौकत के समर्थकों का आरोप है कि बहारुल इस्लाम का घर भांगड़ में है, इसलिए उन्हें वहां भेजा जाना चाहिए था, जबकि कैनिंग पूर्व में बाहरी व्यक्ति को थोपा जा रहा है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि शौकत मोल्ला ने कैनिंग पूर्व में जो विकास कार्य किए हैं, उसका लाभ उन्हें वहीं मिलना चाहिए। भांगड़ का राजनीतिक समीकरण बेहद जटिल और संवेदनशील माना जाता है। पिछले विधानसभा चुनाव में यह सीट आईएसएफ के खाते में गई थी, जिसके बाद से ही यह इलाका तृणमूल और आईएसएफ के बीच हिंसक टकराव का केंद्र बना रहा है। पार्टी नेतृत्व ने शायद इसी चुनौती को देखते हुए शौकत मोल्ला जैसे कद्दावर चेहरे को भांगड़ में उतारा है ताकि इस दुर्ग को वापस जीता जा सके। हालांकि, समर्थकों के उग्र विरोध ने नेतृत्व की चिंताएं बढ़ा दी हैं। बढ़ते तनाव के बीच शौकत मोल्ला बुधवार को अभिषेक बनर्जी से मिलने पहुंचे। यहां दोनों के बीच हुई लंबी बातचीत के बाद शौकत मोल्ला ने मीडियाकर्मियों से कहा कि सब कुछ ठीक है टिकट को लेकर कोई समस्या नहीं है, मैं भांगड़ से ही लड़ूंगा। उन्होंने कहा कि वापस लौटकर अपने प्रशंसकों और समर्थकों को भी समझाने की कोशिश करूंगा।