वैभव सूर्यवंशी का लिस्ट-ए क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक, महज 29 गेंदों में 94 रन ठोक दिए
उधर, विपक्षी दलों ने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला बताते हुए राज्य सरकार को कठघरे में खड़ा किया है
कोलकाता। वक्फ़ अधिनियम संशोधन के विरोध में धर्मतला में बुधवार को आयोजित धरने के दौरान अचानक हंगामा खड़ा हो गया। धरने का नेतृत्व कर रहे भारतीय सेक्युलर फ्रंट (आईएसएफ) के विधायक नौशाद सिद्दीकी पर कथित तौर पर एक पुलिसकर्मी ने घूंसा मार दिया। इस घटना में विधायक ज़मीन पर गिर पड़े और घायल हो गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना से आक्रोशित समर्थकों ने विरोध जताते हुए पुलिस से धक्का-मुक्की शुरू कर दी। मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया और स्थिति संभालने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल बुलाना पड़ा। बिना अनुमति धरना देने और मार्च निकालने के आरोप में पुलिस ने विधायक नौशाद सिद्दीकी को हिरासत में भी ले लिया।
घायल विधायक ने कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से विरोध करने का हमारा अधिकार छीना जा रहा है। एक निर्वाचित जनप्रतिनिधि को सड़क पर इस तरह हमला करना बेहद शर्मनाक है।
दूसरी तरफ, आईएसएफ ने घटना की कड़ी निंदा की है और प्रशासन से पुलिस की कार्रवाई पर जवाब मांगा है।
खबर लिखे जाने तक पुलिस की ओर से इस घटना पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया। उधर, विपक्षी दलों ने इसे लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला बताते हुए राज्य सरकार को कठघरे में खड़ा किया है।