हिडको विकसित करेगा 10 एकड़ में विशाल प्रोजेक्ट
कोलकाता। बंगाल के मिनी पुरी कहे जाने वाले पर्यटन केंद्र दीघा में पर्यटकों की भारी भीड़ और जगन्नाथ धाम के प्रति बढ़ते आकर्षण को देखते हुए राज्य सरकार ने बड़ा निर्णय लिया है। हाउसिंग इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (हिडको) अब दीघा में अत्याधुनिक होटलों के निर्माण के लिए 46 प्लॉट विकसित करने जा रहा है। करीब 10 एकड़ जमीन पर फैली इस महत्वाकांक्षी परियोजना पर लगभग 200 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। इसके लिए हिडको ने दो अलग-अलग निविदाएं (टेंडर) जारी कर दी हैं।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की प्रेरणा से बने दीघा के भव्य जगन्नाथ धाम के निर्माण के बाद यहां आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों की संख्या ने सभी पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। हिडको द्वारा जारी पहली निविदा के तहत पश्चिम गदाधरपुर मौजा के 6.88 एकड़ क्षेत्र में 34 प्लॉट विकसित किए जाएंगे, जबकि दूसरी निविदा में 2.29 एकड़ जमीन पर 12 प्लॉट का प्रावधान किया गया है। पूरी निविदा प्रक्रिया ई-ऑक्शन के माध्यम से 18 मार्च तक संपन्न होगी। परियोजना की गंभीरता को देखते हुए इसमें केवल उन्हीं संस्थाओं को शामिल होने की अनुमति दी गई है, जिनका पिछले तीन वित्तीय वर्षों में सालाना टर्नओवर कम से कम 100 करोड़ रुपये रहा है। जगन्नाथ धाम के उद्घाटन के बाद बदला परिदृश्य पिछले वर्ष अक्षय तृतीया पर जगन्नाथ धाम के उद्घाटन के बाद से ही दीघा की सूरत बदल गई है।
आंकड़ों के अनुसार, महज आठ महीनों के भीतर ही यहां एक करोड़ से अधिक श्रद्धालु पहुंच चुके हैं। पुरी की तर्ज पर यहां ध्वजादान और महाप्रसाद की व्यवस्था शुरू होने से पर्यटकों का दबाव काफी बढ़ गया है, जिसे देखते हुए वर्तमान होटल व्यवस्था कम पड़ती नजर आ रही थी। हिडको की चेयरपर्सन और राज्य मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य ने बताया कि दीघा के समग्र बुनियादी ढांचे के विकास और पर्यटकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए ही यह होटल परियोजना शुरू की गई है। हिडको ने इन होटलों के निर्माण कार्य को पूरा करने के लिए पांच वर्ष की समयसीमा निर्धारित की है। दीघा के अलावा हिडको को न्यू टाउन में दुर्गा आंगन और सिलीगुड़ी में महाकाल मंदिर के सौंदर्यीकरण की जिम्मेदारी भी सौंपी गई है। जानकारों का मानना है कि इस नई होटल परियोजना से न केवल दिघा में पर्यटकों की आवास समस्या का समाधान होगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे, जिससे राज्य के पर्यटन राजस्व में बड़ी बढ़ोतरी की उम्मीद है।