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अमित शाह को धमकी और भड़काऊ बयानों का आरोप
कोलकाता। तृणमूल के राष्ट्रीय महासचिव और डायमंड हार्बर से सांसद अभिषेक बनर्जी के खिलाफ केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को धमकी देने और उकसावे वाली भाषा इस्तेमाल करने के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई है। शुक्रवार शाम को विधाननगर साइबर क्राइम थाने की पुलिस ने राजीव सरकार नामक एक व्यक्ति की शिकायत पर मामला दर्ज किया। पुलिस के अनुसार, शिकायतकर्ता राजीव सरकार ने गत पांच मई को बागुईआटी थाने में शिकायत दी थी। उसी शिकायत के आधार पर अभिषेक के खिलाफ कुल छह धाराओं में एफआईआर दर्ज की गई है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि बंगाल विधानसभा चुनाव के प्रचार के दौरान अभिषेक बनर्जी ने ऐसी भाषा का इस्तेमाल किया, जिससे राज्य में अराजकता की स्थिति पैदा हो सकती थी।
पुलिस ने अभिषेक बनर्जी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 192, 196, 351(2) और 353(1)(ष्) के तहत मामला दर्ज किया गया है। इसके साथ ही उन पर जन प्रतिनिधित्व अधिनियम की धारा 123(2) और 125 भी लगाई गई है। पुलिस की एफआईआर में कहा गया है कि आरोपित ने सार्वजनिक कार्यक्रमों में विपक्षी कार्यकर्ताओं के खिलाफ आक्रामक भाषा का इस्तेमाल किया था। शिकायतकर्ता राजीव सरकार ने कहा कि अगर तृणमूल कांग्रेस दोबारा सत्ता में लौटती, तो आम लोगों पर हमले हो सकते थे। उन्होंने दावा किया कि उनकी शिकायत किसी भी तरह से राजनीतिक उद्देश्य से प्रेरित नहीं है। राजीव सरकार खुद को समाजसेवी बताते हैं। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है। वहीं, पार्षद एस एम मुस्तफा ने बताया कि उन्हें रात करीब 9.30 बजे पथराव की सूचना मिली। मौके पर पहुंचने पर उन्होंने स्थिति को काफी नाजुक पाया। उन्होंने कहा कि कुछ लोगों द्वारा पुलिस फाड़ी पर पथराव किया गया, जो पूरी तरह गलत है और वे इस तरह की घटना का समर्थन नहीं करते। कुरैशी मोहल्ला मस्जिद के सचिव मोहम्मद हैदर ने बताया कि शाम करीब 7 बजे पुलिस की ओर से उन्हें बैठक के लिए संपर्क किया गया था। उन्होंने कहा कि रेलपार क्षेत्र की सभी मस्जिदों के उलेमा और पदाधिकारी आपस में चर्चा कर एक प्रतिनिधि तय करने वाले थे, जो प्रशासन के साथ बैठक करता। लेकिन रात करीब 9.30 बजे उन्हें सूचना मिली कि जहांगिरी मोहल्ला पुलिस फाड़ी में स्थिति बिगड़ गई है। उन्होंने कहा कि यह घटना दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने प्रशासन से सीसीटीवी फुटेज की जांच कर दोषियों की पहचान करने और उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की, साथ ही निर्दोष लोगों को परेशान न करने की अपील की। मोहम्मद हैदर ने यह भी कहा कि लाउडस्पीकर का मुद्दा विवाद का विषय नहीं है और इसे आपसी संवाद के जरिए सुलझाया जा सकता है।
क्षेत्र की सभी मस्जिदें प्रशासन के निर्देशों का पालन करने के लिए आपस में बैठक कर निर्णय लेंगी। फिलहाल पूरे रेलपार और जहांगिरी मोहल्ला इलाके में भारी पुलिस बल तैनात है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि घटना में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन और स्थानीय प्रतिनिधियों ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है, ताकि क्षेत्र में जल्द से जल्द सामान्य स्थिति बहाल हो सके।