मोदी और इंडोनेशिया के राष्ट्रपति ने प्रम्बानन मंदिर पुनरुद्धार परियोजना का शुभारंभ किया
उन्होंने कहा कि भाजपा बंगाल की जनता के हित और राष्ट्रीय सुरक्षा के सवाल पर लगातार आवाज उठाती रहेगी
कोलकाता। त्रिपुरा के पूर्व मुख्यमंत्री और पश्चिम बंगाल भाजपा के सह-ऑब्जर्वर विप्लव कुमार देव मंगलवार को पश्चिम बंगाल विधानसभा पहुंचे। वह नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी के विशेष आग्रह पर विधानसभा आए थे। विधानसभा परिसर में पहुंचते ही भाजपा विधायकों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया और औपचारिक रूप से उन्हें सम्मानित किया।इस अवसर पर विधानसभा में भाजपा खेमे में उत्साह का माहौल देखने को मिला। विप्लव देव की मौजूदगी को बंगाल की राजनीति में भाजपा की रणनीतिक मजबूती के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है। विधानसभा परिसर से बाहर निकलने के बाद मीडिया से बातचीत में विप्लव देव ने भारत-बांग्लादेश सीमा पर फेंसिंग का मुद्दा उठाते हुए ममता बनर्जी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार को सीमा पर फेंसिंग के लिए बीएसएफ को तुरंत जमीन उपलब्ध करानी चाहिए।विप्लव देव ने कहा कि सीमा सुरक्षा राष्ट्रीय सुरक्षा का विषय है और इसमें किसी तरह की राजनीति या टालमटोल देशहित के खिलाफ है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार की उदासीनता के कारण सीमावर्ती इलाकों में घुसपैठ और तस्करी जैसी समस्याएं बढ़ रही हैं।मुख्यमंत्री ममता बनर्जी द्वारा मुख्य चुनाव आयुक्त को “झूठा” और “अहंकारी” कहे जाने पर प्रतिक्रिया देते हुए विप्लव देव ने तीखे शब्दों में कहा कि “एक मुख्यमंत्री जैसे संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति के मुंह से इस तरह की भाषा शोभा नहीं देती। शब्दों का चयन बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।”उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग एक संवैधानिक संस्था है और उस पर इस तरह के सार्वजनिक हमले लोकतांत्रिक व्यवस्था को कमजोर करते हैं।विप्लव देव ने तंज कसते हुए कहा “मुझे लगता है यह ‘विनाश काले विपरीत बुद्धि’ का स्पष्ट उदाहरण है। उनके इस बयान को ममता बनर्जी के हालिया तीखे बयानों पर भाजपा का सीधा पलटवार माना जा रहा है।विप्लव देव ने दावा किया कि आने वाले चुनावों में हार की आशंका के चलते तृणमूल कांग्रेस चुनाव आयोग और संवैधानिक संस्थाओं पर हमला कर रही है। उन्होंने कहा कि जब भी तृणमूल सरकार दबाव में आती है, वह संस्थाओं की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े करने लगती है। इस दौरान नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी ने भी ममता सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि राज्य में कानून-व्यवस्था चरमरा चुकी है और सरकार सीमा सुरक्षा जैसे गंभीर मुद्दों से आंखें मूंदे बैठी है।”उन्होंने कहा कि भाजपा बंगाल की जनता के हित और राष्ट्रीय सुरक्षा के सवाल पर लगातार आवाज उठाती रहेगी।