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“दरअसल आरोप लगाते वक्त मुख्यमंत्री खुद ही भूल जाती हैं कि ऐसा कोई प्रमाणिक आंकड़ा है भी या नहीं
कोलकाता। एसआईआर प्रक्रिया को लेकर सियासी टकराव और तेज हो गया है। बंगाल भाजपा की उपाध्यक्ष और विधायक अग्निमित्रा पॉल ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बयानों पर सीधा हमला करते हुए कहा है कि एसआईआर के कारण कथित मौतों को लेकर मुख्यमंत्री जो आंकड़े दे रही हैं, उनमें गंभीर विसंगतियां और विरोधाभास साफ तौर पर दिखाई दे रहे हैं।अग्निमित्रा पॉल ने कहा कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी अलग-अलग मंचों से अलग-अलग आंकड़े पेश कर रही हैं।“कभी वह कहती हैं कि एसआईआर से 100 लोगों की मौत हुई, कभी यह संख्या 120 बताई जाती है और कभी 150 तक पहुंच जाती है। सवाल यह है कि आखिर सही आंकड़ा क्या है?” भाजपा उपाध्यक्ष ने तंज कसते हुए कहा कि
“दरअसल आरोप लगाते वक्त मुख्यमंत्री खुद ही भूल जाती हैं कि ऐसा कोई प्रमाणिक आंकड़ा है भी या नहीं। उन्होंने आरोप लगाया कि बिना किसी ठोस दस्तावेज, पोस्टमार्टम रिपोर्ट या आधिकारिक पुष्टि के ऐसे गंभीर आरोप लगाना न सिर्फ गैर-जिम्मेदाराना है, बल्कि इससे आम जनता में भय और भ्रम भी फैलता है।अग्निमित्रा पॉल ने कहा कि यदि एसआईआर प्रक्रिया के कारण किसी की मौत हुई है, तो राज्य सरकार को मृतकों की सूची, मौत के कारणों की रिपोर्ट, और प्रशासनिक जांच के निष्कर्ष सार्वजनिक करने चाहिए। उन्होंने कहा कि भावनात्मक बयानबाज़ी और आंकड़ों की बाज़ीगरी से सच्चाई नहीं बदली जा सकती।भाजपा विधायक ने आरोप लगाया कि तृणमूल कांग्रेस चुनाव आयोग जैसी संवैधानिक संस्था को बदनाम करने की साजिश कर रही है। उन्होंने कहा कि जब भी राज्य सरकार पर सवाल खड़े होते हैं, तब चुनाव आयोग और एसआईआर को निशाना बनाया जाता है। अग्निमित्रा पॉल ने दावा किया कि राज्य सरकार बेरोजगारी, कानून-व्यवस्था,सीमा सुरक्षा जैसे मुद्दों पर विफल रही है और इन्हीं नाकामियों से जनता का ध्यान हटाने के लिए एसआईआर को लेकर भ्रम फैलाया जा रहा है।