उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता 27 मार्च को पुलिस अधीक्षक कार्यालय का घेराव करेंगे
कोलकाता। बारुइपुर में बुधवार को नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी की पदयात्रा शुरू होने से पहले ही भारी तनाव फैल गया। आरोप है कि जब शुभेंदु अधिकारी वहां पहुंचे, तो तृणमूल समर्थकों ने उन्हें काले झंडे दिखाए और गो बैक तथा चोर के नारे लगाए। भाजपा ने तृणमूल पर माहौल बिगाडऩे का आरोप लगाया, जबकि तृणमूल ने इन आरोपों को खारिज कर दिया। शुभेंदु अधिकारी की पदयात्रा को लेकर पहले से ही राजनीतिक माहौल गर्म था। जैसे ही वे बारुइपुर पहुंचे, वहां हंगामा शुरू हो गया। भाजपा का कहना है कि तृणमूल कार्यकर्ताओं ने जानबूझकर विरोध प्रदर्शन किया और अव्यवस्था फैलाने की कोशिश की।
वहीं, तृणमूल का कहना है कि जनता की नाराजगी को भाजपा गलत तरीके से पेश कर रही है। बारुईपुर में शुभेंदु के जुलूस को लेकर अराजक स्थिति बन गई। भाजपा और तृणमूल कांग्रेस एक ही समय में 100 मीटर के दायरे में मार्च करते नजर आये। विधानसभा अध्यक्ष बिमान बनर्जी का विधानसभा क्षेत्र नारेबाजी और जवाबी नारेबाजी से गरमा गया। इस बात पर सवाल उठाए गए हैं कि एक ही समय और एक ही स्थान पर दो जुलूस कैसे निकाले जाने दिए गए। यह भी आरोप है कि शुभेंदु की कार पर बार-बार लाठियों से पीटा गया। इसके तुरंत बाद, विपक्षी नेता शुवेन्दु ने पुलिस को चेतावनी दे दी। शुभेंदु ने आज विधानसभा अध्यक्ष कार्यालय तक जुलूस निकालने का आह्वान किया और आरोप लगाया कि उन्हें विधानसभा सत्र में बोलने नहीं दिया गया। जुलूस रास माठ से एसपी कार्यालय की ओर बढ़ रहा था। इस बीच, लगातार नाकेबंदी हुई। तृणमूल पर जुलूस में बाधा डालने का आरोप लगाया गया। शुभेंदु का काफिला जैसे ही पहुंचा सड़क किनारे खड़े तृणमूल कार्यकर्ता काला झंडा दिखाकर चोर चोर के नारे लगाने लगे। तृणमूल कार्यकर्ताओं के जय बांग्ला और बीजेपी के जय श्री राम के नारे से क्षेत्र गर्म हो गया। शुभेंदु ने कार से कहा कि उन्हें लगा कि हम डर जाएंगे। लेकिन हम डरे नहीं। शुवेंदु ने पुलिस अधीक्षक से कहा कि आज आपने जो किया उसके लिए आपको जवाबदेह ठहराया जाएगा। शुभेंदु ने आरोप लगाया कि उनके काफिले में यानी उनकी गाड़ी पर लाठियों से पीटा गया। इस घटना के बाद शुभेंदु ने एसपी कार्यालय का घेराव करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता 27 मार्च को पुलिस अधीक्षक कार्यालय का घेराव करेंगे।