विधाननगर अस्पताल का नाम बदला, मुख्यमंत्री ने पूर्ववर्ती सरकार की स्वास्थ्य सेवाओं पर उठाए सवाल
उन्होंने हिंदू मतदाताओं की एकजुटता को अपनी ताकत बताते हुए नंदीग्राम में भाजपा की प्रचंड जीत का दावा किया
कोलकाता। विधानसभा चुनाव के सबसे चर्चित चुनावी समर नंदीग्राम में सोमवार को सियासी पारा अपने चरम पर पहुंच गया। भारतीय जनता पार्टी के कद्दावर नेता और नंदीग्राम से उम्मीदवार शुभेंदु अधिकारी ने केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष दिलीप घोष की मौजूदगी में अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। हल्दिया उपमंडल कार्यालय तक निकली इस विशाल रैली में समर्थकों का हुजूम इस कदर उमड़ा कि सड़कें भगवा रंग में रंगी नजर आईं। शुभेंदु के साथ महिषादल और हल्दिया विधानसभा क्षेत्रों के भाजपा उम्मीदवारों ने भी अपना पर्चा भरा, जिससे पूरे पूर्वी मेदिनीपुर जिले में चुनावी माहौल गरमा गया है।
नामांकन से पूर्व शुभेंदु अधिकारी ने नंदीग्राम के रेयापाड़ा में मंदिर जाकर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और जीत का आशीर्वाद मांगा। इसके बाद शुरू हुआ भव्य रोड शो, जिसमें हजारों की संख्या में कार्यकर्ता जय श्रीराम के नारे लगाते हुए शामिल हुए। हल्दिया के कदमतला में आयोजित 'विजय संकल्प सभा' को संबोधित करते हुए शुभेंदु ने आत्मविश्वास से लबरेज अंदाज में कहा कि इस बार नंदीग्राम की जनता ने परिवर्तन का मन बना लिया है। उन्होंने दावा किया कि रोड शो में उमड़ी भीड़ और लोगों का भावनात्मक जुड़ाव यह बताने के लिए काफी है कि जनता जल्द से जल्द ईवीएम का बटन दबाकर कुशासन से मुक्ति चाहती है।
शुभेंदु ने रैली के दौरान केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के साथ हुई चर्चा का जिक्र करते हुए कहा कि जनसमर्थन को देखकर प्रधान जी ने भी माना है कि इस बार जीत का अंतर पिछले चुनाव के मुकाबले तीन गुना अधिक हो सकता है। 2021 के कड़े मुकाबले को याद करते हुए शुभेंदु ने आरोप लगाया कि पिछली बार सीएए को लेकर अल्पसंख्यक समुदाय को गुमराह किया गया था। उन्होंने कहा कि अब स्थिति बदल चुकी है, लोग जागरूक हैं और मुस्लिम समुदाय भी समझ चुका है कि मोदी सरकार में ही उनकी सुरक्षा और विकास सुनिश्चित है। उन्होंने हिंदू मतदाताओं की एकजुटता को अपनी ताकत बताते हुए नंदीग्राम में भाजपा की प्रचंड जीत का दावा किया। नंदीग्राम के साथ-साथ शुभेंदु ने कोलकाता की हाई-प्रोफाइल भवानीपुर सीट को लेकर भी बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि हालिया मतदाता सूची संशोधन के बाद भवानीपुर में समीकरण भाजपा के पक्ष में झुक गए हैं। शुभेंदु ने तीखा हमला बोलते हुए कहा कि पहले वहां घुसपैठियों और फर्जी मतदाताओं के सहारे चुनाव जीते जाते थे, लेकिन अब यह खेल बंद हो चुका है। उन्होंने साफ किया कि वह 23 अप्रैल तक नंदीग्राम और राज्य के अन्य हिस्सों में प्रचार करेंगे और 24 अप्रैल से खुद कोलकाता पहुंचकर भवानीपुर में कमान संभालेंगे। अपने चुनावी कार्यक्रम की रूपरेखा साझा करते हुए शुभेंदु ने कहा कि उनकी रणनीति पूरी तरह तैयार है। उन्होंने भरोसा जताया कि 29 अप्रैल को भवानीपुर की जनता भाजपा के पक्ष में जनादेश देगी और 4 मई को जब मतगणना होगी, तो नंदीग्राम से लेकर भवानीपुर तक जीत की मुहर लग जाएगी। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर सीधा हमला बोलते हुए उन्होंने कहा कि इस बार जनता बाहरी और भ्रष्टाचार के मुद्दों पर अपना कड़ा फैसला सुनाने जा रही है।