Please wait
विधाननगर अस्पताल का नाम बदला, मुख्यमंत्री ने पूर्ववर्ती सरकार की स्वास्थ्य सेवाओं पर उठाए सवाल Sudhir wins historic बंगाल में फिर गहराया बारिश का खतरा, सप्ताहांत में भारी से अति भारी वर्षा की चेतावनी Sudhir wins historic भड़काऊ बयान मामले में दो थानों से तलब किए जाने पर बोले हुमायूं कबीर — 'गिरफ्तार करना है तो कर लें, परवाह नहीं' Sudhir wins historic अंडा फेंकने की घटनाओं पर कलकत्ता हाई कोर्ट सख्त, राज्य सरकार से मांगी विस्तृत रिपोर्ट Sudhir wins historic रामनवमी हिंसा मामले में अपरूपा पोद्दार के पति शाकिर अली गिरफ्तार Sudhir wins historic केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव और मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने बंगाल के विकास से जुड़े मुद्दों पर की चर्चा Sudhir wins historic मुख्यमंत्री की चेतावनी के 12 घंटे के भीतर कार्रवाई, हुमायूं कबीर की सभा के तीन आयोजक गिरफ्तार Sudhir wins historic प्रधानमंत्री मोदी को सेशेल्स का ‘गार्जियन ऑफ द ब्लू होराइजन’ सम्मान Sudhir wins historic पश्चिम बंगाल में यूसीसी लागू करने के लिए विधेयक, पारिवारिक कानूनों में बड़े बदलाव की संभावना Sudhir wins historic कल्याण बनर्जी ने किया मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी का समर्थन Sudhir wins historic

पानीहाटी में आरजीकर पीड़िता की मां की उम्मीदवारी से सहानुभूति और परंपरागत पकड़ के बीच दिलचस्प जंग

ऐसे में यदि विपक्षी वोटों का ध्रुवीकरण होता है, तो मुकाबला और भी कड़ा हो सकता है

27 Mar 2026

पानीहाटी में आरजीकर पीड़िता की मां की उम्मीदवारी से सहानुभूति और परंपरागत पकड़ के बीच दिलचस्प जंग

कोलकाता। पश्चिम बंगाल में उत्तर 24 परगना जिले की पानीहाटी विधानसभा क्षेत्र में इस बार राज्य की सबसे चर्चित सीटों में शामिल हो गया है। आम तौर पर शांत और कम चर्चित रहने वाला यह शहरी इलाका इस बार राजनीतिक, सामाजिक और भावनात्मक मुद्दों के कारण सुर्खियों में है। इसकी वजह है कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने आरजीकर पीड़िता की मां रत्ना देवनाथ को इस बार यहां से उम्मीदवार बनाया है। यहां सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस, भाजपा और वाम दल के बीच सीधा त्रिकोणीय मुकाबला बन गया है।
पानीहाटी कोलकाता महानगर क्षेत्र का एक महत्वपूर्ण उपनगरीय इलाका है, जो सड़क और उपनगरीय रेल नेटवर्क से अच्छी तरह जुड़ा हुआ है। यह दमदम लोकसभा क्षेत्र का हिस्सा है और पानीहाटी नगरपालिका के कुल 29 वार्डों को मिलाकर बना है। ऐतिहासिक रूप से यह सीट वामपंथ का गढ़ रही, जहां सीपीआईएम ने आठ बार जीत दर्ज की। हालांकि 2011 के बाद से यहां तृणमूल कांग्रेस का वर्चस्व कायम हुआ और लगातार तीन बार जीत दर्ज की गई।
कौन-कौन है उम्मीदवारवर्तमान चुनाव में उम्मीदवारों की बात करें तो तृणमूल कांग्रेस ने पांच बार के विधायक निर्मल घोष को टिकट न देकर उनके पुत्र तिर्थंकर घोष को मैदान में उतारा है। निर्मल घोष लंबे समय से इस क्षेत्र की राजनीति पर मजबूत पकड़ रखते आए हैं, लेकिन आरजी कर अस्पताल कांड से जुड़े विवादों में उनका नाम आने के बाद पार्टी ने यह फैसला लिया। आरोप लगे थे कि पोस्टमार्टम के बाद पीड़िता के शव को जल्दबाजी में ले जाकर अंतिम संस्कार कराने में उनकी भूमिका रही, ताकि दोबारा पोस्टमार्टम की संभावना खत्म हो जाए। इस मुद्दे पर विपक्ष ने उन्हें जमकर घेरा और समाज के विभिन्न वर्गों में भी नाराजगी देखी गई।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि, पार्टी नेतृत्व के लिए यह एक संतुलन साधने वाला फैसला था। एक तरफ विवाद से दूरी बनानी थी, वहीं दूसरी तरफ स्थानीय संगठन पर निर्मल घोष के प्रभाव को भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता था। ऐसे में उनके पुत्र को उम्मीदवार बनाना एक तरह से समझौता और रणनीतिक कदम माना जा रहा है।
दूसरी ओर, भाजपा ने इस सीट पर रत्ना देबनाथ को उम्मीदवार बनाया है, जो 2024 में आरजी कर मेडिकल कॉलेज में हुई जघन्य घटना में मारी गई जूनियर डॉक्टर की मां हैं। यह वही मामला है जिसने पूरे देश और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी व्यापक प्रतिक्रिया पैदा की थी। इसी कारण भाजपा को यहां सहानुभूति लहर का फायदा मिलने की उम्मीद है। खास बात यह है कि देबनाथ परिवार स्वयं इसी विधानसभा क्षेत्र का मतदाता है, जिससे उनका स्थानीय जुड़ाव भी मजबूत माना जा रहा है।
वहीं, सीपीआईएम ने अपने युवा और सक्रिय चेहरे कलातन दासगुप्ता को मैदान में उतारा है। वह आरजी कर आंदोलन के प्रमुख चेहरों में रहे हैं और इस मुद्दे पर राज्य सरकार के खिलाफ आंदोलन के दौरान गिरफ्तारी भी झेल चुके हैं। उनकी छवि एक संघर्षशील नेता की है, जिससे वामपंथ को इस बार नई ऊर्जा मिलने की उम्मीद है।
क्या है मतदाता समीकरणमतदाताओं के आंकड़ों पर नजर डालें तो 2024 में इस क्षेत्र में कुल दो लाख 30 हजार 849 पंजीकृत मतदाता थे, जो 2021 के दो लाख 30 हजार 748 से थोड़ा अधिक है। इससे पहले 2019 में दो लाख 22 हजार 68 और 2016 में दो लाख नौ हजार 894 मतदाता थे। अनुसूचित जाति मतदाताओं की हिस्सेदारी करीब 5.19 प्रतिशत है, जबकि मुस्लिम मतदाता पांच प्रतिशत से कम हैं।
हालांकि, शहरी क्षेत्र होने के बावजूद यहां मतदान प्रतिशत में लगातार गिरावट देखी गई है। 2011 में जहां मतदान 81.09 प्रतिशत था, वहीं 2016 में यह 78 .75, 2019 में 76 दशमलव 11, 2021 में 75.59 और 2024 में घटकर 74.41 प्रतिशत रह गया। यह रुझान चुनाव आयोग और राजनीतिक दलों के लिए चिंता का विषय माना जा रहा है।
लोकसभा चुनावों के रुझानों में तृणमूल कांग्रेस का वर्चस्व स्पष्ट रहा है, लेकिन भाजपा ने पिछले कुछ वर्षों में अपनी स्थिति मजबूत की है और सीपीआईएम को पीछे छोड़ते हुए मुख्य चुनौतीकर्ता के रूप में उभरी है। 2019 और 2024 के चुनावों में भाजपा ने मजबूत प्रदर्शन किया, हालांकि जीत तृणमूल के खाते में ही गई।
वहीं वाम-मोर्चा भी इस सीट पर पूरी तरह कमजोर नहीं हुआ है। हाल के चुनावी आंकड़े बताते हैं कि गठबंधन का वोट शेयर बढ़ा है, जबकि तृणमूल के समर्थन में गिरावट आई है। ऐसे में यदि विपक्षी वोटों का ध्रुवीकरण होता है, तो मुकाबला और भी कड़ा हो सकता है।
पानीहाटी का सामाजिक और आर्थिक चरित्र भी चुनावी समीकरणों को प्रभावित करता है। हुगली नदी के पूर्वी तट पर स्थित यह इलाका पहले चावल व्यापार का केंद्र था और बाद में यहां कपड़ा, चमड़ा, रसायन और अन्य उद्योग विकसित हुए। अब यह मुख्य रूप से आवासीय क्षेत्र बन चुका है, जहां मध्यम और निम्न आय वर्ग के लोग बड़ी संख्या में रहते हैं।
कुल मिलाकर, पानीहाटी विधानसभा सीट पर इस बार मुकाबला केवल राजनीतिक नहीं, बल्कि भावनात्मक, सामाजिक और संगठनात्मक ताकतों की परीक्षा भी बन गया है। एक ओर तृणमूल अपनी परंपरागत पकड़ बनाए रखने की कोशिश में है, दूसरी ओर भाजपा सहानुभूति और आक्रामक अभियान के सहारे सेंध लगाने की कोशिश कर रही है, जबकि वामपंथ अपने पुराने आधार और नए नेतृत्व के दम पर वापसी की उम्मीद कर रहा है। ऐसे में यह सीट 2026 के चुनाव में बेहद रोचक और निर्णायक मानी जा रही है।

Ad Image
Comments

No comments to show. Log in to add some!

Other Relevant Stories


पानीहाटी में आरजीकर पीड़िता की मां की उम्मीदवारी
ऐसे में यदि विपक्षी वोटों का ध्रुवीकरण होता है, तो मुकाबला और भी कड़ा हो सकता है





Download The Taaza Tv App Now to Stay Updated on the Latest News!


play store download
app store download
app img


Breaking News