Please wait
एक करोड़ मुआवजा, केस वापस होंगे; प्रधान के इस्तीफे के साथ ही CJP का आंदोलन खत्म Sudhir wins historic छात्रों के आंदोलन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा Sudhir wins historic हिमाचल प्रदेश के लाहौल स्पीति में पहाड़ी से गिरी चट्टान की चपेट में आई टाटा सुमो, 13 लोगों की मौत, दो घायल Sudhir wins historic सरकार के साथ वार्ता के बाद सीजेपी बोली- प्रधान के इस्तीफे पर कोई समझौता नहीं Sudhir wins historic सरकार के लिखित आश्वासन पर 26 दिनों बाद सोनम वांगचुक ने तोड़ा अनशन Sudhir wins historic पेपर लीक मामलों के लिए गठित होंगे फास्ट ट्रैक कोर्ट : प्रधानमंत्री Sudhir wins historic असम में बाढ़ से हालात गंभीर, 11 जिलों की 653164 आबादी प्रभावित, मृतकों की संख्या 44 हुई Sudhir wins historic टीएमसी सांसद कल्याण बनर्जी मानसून सत्र की शेष अवधि के लिए निलंबित Sudhir wins historic चर्चा रोकने के लिए शर्तें रखना ठीक नहीं, सरकार किसी मुद्दे से भागती नहीं': किरेन रिजिजू Sudhir wins historic विपक्ष के हंगामे के कारण संसद के दोनों सदनों की कार्यवाही कल तक के लिए स्थगित Sudhir wins historic

केंद्र का पेट्रोल, डीजल, सीएनजी, एलएनजी, हाइड्रोजन के डिस्पेंसर की जांच और पुनः सत्यापन व्यवस्था को मजबूत करने का फैसला, जीएसटी के दायरे में लाया गया

सरकार ने लीगल मेट्रोलॉजी नियमों में संशोधन कर इन ईंधन डिस्पेंसर को सरकार से अनुमोदित परीक्षण केंद्र (जीएटीसी) व्यवस्था के दायरे में शामिल किया है। इससे ईंधन माप प्रणाली की सटीकता और पारदर्शिता बढ़ेगी।

24 May 2026

केंद्र का पेट्रोल, डीजल, सीएनजी, एलएनजी, हाइड्रोजन के डिस्पेंसर की जांच और पुनः सत्यापन व्यवस्था को मजबूत करने का फैसला, जीएसटी के दायरे में लाया गया

नई दिल्ली। केंद्र सरकार ने पेट्रोल, डीजल, सीएनजी, एलपीजी, एलएनजी और हाइड्रोजन डिस्पेंसर (ईंधन भरने की मशीनें) की जांच और पुनः सत्यापन व्यवस्था को मजबूत करने के लिए बड़ा फैसला लिया है। सरकार ने लीगल मेट्रोलॉजी नियमों में संशोधन कर इन ईंधन डिस्पेंसर को सरकार से अनुमोदित परीक्षण केंद्र (जीएटीसी) व्यवस्था के दायरे में शामिल किया है। इससे ईंधन माप प्रणाली की सटीकता और पारदर्शिता बढ़ेगी।

केंद्रीय उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय के अंतर्गत उपभोक्ता मामले विभाग ने लीगल मेट्रोलॉजी (सरकार से अनुमोदित परीक्षण केंद्र) नियम, 2013 में संशोधन की अधिसूचना जारी की है। अधिसूचना के अनुसार, संशोधन के तहत अब पेट्रोल-डीजल, सीएनजी, एलपीजी, एलएनजी और हाइड्रोजन डिस्पेंसरों की जांच तथा पुनः सत्यापन भी जीएटीसी के माध्यम से किया जा सकेगा। इसके साथ ही जीएटीसी के तहत सत्यापन योग्य उपकरणों की कुल संख्या बढ़कर 23 हो गई है।

सरकार ने कहा कि देश में स्वच्छ ईंधनों के उपयोग में लगातार वृद्धि हो रही है। ऐसे में सीएनजी, एलएनजी और हाइड्रोजन डिस्पेंसर को इस ढांचे में शामिल करने से ईंधन आपूर्ति में सटीकता सुनिश्चित होगी और उपभोक्ताओं को पारदर्शी सेवाएं मिल सकेंगी। इससे स्वच्छ ईंधन अवसंरचना को भी मजबूती मिलेगी।

मंत्रालय के अनुसार, सरकार से अनुमोदित परीक्षण केंद्र ऐसे संस्थान हैं, जिनके पास माप एवं तौल उपकरणों की जांच और पुनः सत्यापन के लिए आवश्यक तकनीकी विशेषज्ञता और आधारभूत संरचना उपलब्ध होती है। निजी प्रयोगशालाओं और उद्योगों की भागीदारी से देश की सत्यापन क्षमता बढ़ेगी और सेवाओं तक पहुंच आसान होगी।

संशोधित नियमों के तहत राज्य सरकारों को भी अपने यहां अतिरिक्त श्रेणी के माप एवं तौल उपकरणों को जीएटीसी व्यवस्था के तहत अधिसूचित करने का अधिकार दिया गया है। इसके अलावा संयुक्त सचिव और उससे ऊपर के अधिकारियों को नियमों के तहत अनुमोदन संबंधी मामलों में अधिकार दिए गए हैं, ताकि प्रक्रियाओं में तेजी लाई जा सके।

सरकार ने पेट्रोल और डीजल डिस्पेंसर के सत्यापन शुल्क को 5 हजार रुपये प्रति नोजल तय किया है, जबकि सीएनजी, एलपीजी, एलएनजी और हाइड्रोजन डिस्पेंसरो के लिए यह शुल्क 10 हजार रुपये प्रति नोजल निर्धारित किया गया है।

मंत्रालय के अनुसार, इन सुधारों से राज्य लीगल मेट्रोलॉजी विभाग निरीक्षण, प्रवर्तन और उपभोक्ता शिकायत निवारण पर अधिक ध्यान केंद्रित कर सकेंगे। यह पहल तकनीक आधारित प्रशासन, व्यापारिक पारदर्शिता और आत्मनिर्भर भारत अभियान को मजबूती देने के साथ-साथ भारत की मेट्रोलॉजी प्रणाली को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

Comments

No comments to show. Log in to add some!

Other Relevant Stories


केंद्र का पेट्रोल, डीजल, सीएनजी, एलएनजी, हाइड्रोजन के डिस्पे
सरकार ने लीगल मेट्रोलॉजी नियमों में संशोधन कर इन ईंधन डिस्पेंसर को सरकार से अनुमोदित परीक्षण केंद्र (जीएटीसी) व्यवस्था के दायरे में शामिल किया है। इससे ईंधन माप





Download The Taaza Tv App Now to Stay Updated on the Latest News!


play store download
app store download
app img


Breaking News