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तृणमूल कांग्रेस का कहना है कि इन कदमों से प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और मतदाताओं के लिए सुविधाजनक बनेगी
कोलकाता। पश्चिम बंगाल में जारी न्यायिक जांच प्रक्रिया के बीच तृणमूल कांग्रेस ने कलकत्ता उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति सुजय पॉल को पत्र लिखकर मांग की है कि “तार्किक विसंगति” वाले मामलों में जिन आवेदनों को खारिज किया जाए, उनके अस्वीकृति के स्पष्ट कारण दर्ज किए जाएं।
तृणमूल की ओर से भेजे गए पत्र में कहा गया है कि जिन लोगों के आवेदन खारिज किए जाएंगे, उनके नाम के साथ पूरक सूची में अस्वीकृति का आधार भी दर्ज होना चाहिए। इससे अपील करने वाले लोगों को यह समझने में सुविधा होगी कि उन्हें अपील न्यायाधिकरण में चुनौती देते समय किन बिंदुओं को स्पष्ट करना है।
तृणमूल कांग्रेस ने यह भी अनुरोध किया है कि ऑफलाइन अपील प्रक्रिया शुरू करने की अधिसूचना जल्द जारी की जाए, ताकि प्रभावित लोग समय पर अपील कर सकें।
इसके अलावा पार्टी ने सुझाव दिया है कि अपील केवल जिला मजिस्ट्रेट और उपमंडल अधिकारी के कार्यालयों में ही नहीं बल्कि प्रखंड विकास अधिकारी के कार्यालयों में भी स्वीकार की जाए। इससे अपील प्रक्रिया का विकेंद्रीकरण होगा और अधिक मतदाताओं को सुविधा मिलेगी।
पत्र में यह भी कहा गया है कि अपील करने वाले मतदाताओं को स्वयं या अपने अधिकृत प्रतिनिधि के माध्यम से अपनी बात रखने की अनुमति दी जानी चाहिए। साथ ही उन्हें न्यायाधिकरण के समक्ष व्यक्तिगत रूप से या आभासी माध्यम से सुनवाई का अवसर दिया जाए और सुनवाई की तिथि की जानकारी भी समय पर उपलब्ध कराई जाए।
तृणमूल कांग्रेस का कहना है कि इन कदमों से प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और मतदाताओं के लिए सुविधाजनक बनेगी।