मोदी और इंडोनेशिया के राष्ट्रपति ने प्रम्बानन मंदिर पुनरुद्धार परियोजना का शुभारंभ किया
कोलकाता में पत्रकारों से बातचीत करते हुए दिलीप घोष ने कहा कि उनकी प्राथमिकता राज्य का पुनर्निर्माण है, क्योंकि कई व्यवस्थाएं कमजोर हो चुकी हैं।
कोलकाता। पश्चिम बंगाल को नए सिरे से बनाने की जरूरत है। मंत्री पद की शपथ लेने के अगले ही दिन दिलीप घोष ने रविवार सुबह यह बड़ा बयान दिया। कोलकाता में पत्रकारों से बातचीत करते हुए दिलीप घोष ने कहा कि उनकी प्राथमिकता राज्य का पुनर्निर्माण है, क्योंकि कई व्यवस्थाएं कमजोर हो चुकी हैं।
उन्होंने कानून-व्यवस्था को खराब बताते हुए कहा कि लोग लंबे समय से डर के माहौल में जी रहे है।
उन्होंने शिक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था पर भी चिंता जताई और कहा कि इन क्षेत्रों में गिरावट आई है, वहीं उद्योग और रोजगार के अवसर भी लगभग नहीं के बराबर हैं।
उन्होंने आगे बताया कि रविवार छुट्टी का दिन है और सोमवार को एक महत्वपूर्ण बैठक होगी, जिसमें आगे की रणनीति और जिम्मेदारियों को लेकर निर्णय लिया जा सकता है।
उन्होंने जोर देकर कहा कि राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति सुधारने सहित सभी क्षेत्रों में काम करना होगा। हालांकि इसमें समय लगेगा, लेकिन सरकार तुरंत काम शुरू करेगी और लोगों को बदलाव नजर आएगा।