वैभव सूर्यवंशी का लिस्ट-ए क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक, महज 29 गेंदों में 94 रन ठोक दिए
हालांकि, घाटाल ब्लॉक तृणमूल अध्यक्ष दिलीप माझी ने कहा, “वे जो कुछ भी कह रहे हैं वह झूठ है। हमें नहीं पता कि असित घोष तृणमूल कांग्रेस के किस रैंक के नेता हैं।
पश्चिम मेदिनीपुर। पश्चिम मेदिनीपुर जिले के घाटाल थाना अंतर्गत सुल्तानपुर ग्राम पंचायत इलाके में भाजपा के विजयी उम्मीदवारों को खरीदने पैसों से भरा बैग लेकर पहुंचे तृणमूल नेता को शुक्रवार रात स्थानीय भाजपा कार्यकर्ताओं ने पकड़ लिया और उन्हें रस्सी से बांध दिया। घटना की खबर इलाके में फैलते ही पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया।
आरोप है कि शुक्रवार शाम तृणमूल नेता असित गोस्वामी पैसों से भरा बैग लेकर मनसुका इलाके में आये। वह काफी देर तक इलाके में घूमते रहे। इस दौरान उन्होंने भाजपा के कई विजयी उम्मीदवारों से बातचीत की। जब वे इर्डपाला इलाके में पहुंचे तो भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने उन्हें घेर लिया और रस्सी से बांध दिया।
इसी बीच खबर पुलिस तक पहुंच गई। अंत में घाटाल थाने की पुलिस ने जाकर असित को घटनास्थल से छुड़ाया।
उल्लेखनीय है कि सुल्तानपुर ग्राम पंचायत की कुल 21 सीटों में से दस पर तृणमूल का कब्जा है। भाजपा को भी दस सीटें मिलीं हैं। एक सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार ने जीत हासिल की है। यहां बोर्ड बनाने के लिए किसी भी दल के पास बहुमत नहीं है। इसलिए बोर्ड गठन के लिए सत्ताधारी दल के लोग तरह तरह का हथकंडा अपना रहे हैं।
घाटाल से भाजपा विधायक शीतल कपाट ने इस घटना पर तृणमूल के खिलाफ सुर बुलंद करते हुए कहा, ''''घाटाल के इतिहास में यह पहली घटना है। यह बेहद शर्मनाक घटना है। इलाके के कुछ तृणमूल नेता पिछले कुछ दिनों से भाजपा के विजयी उम्मीदवारों को धमकी दे रहे हैं। अब वह पैसे के लालच देकर हमारे नेताओं को खरीदना चाहते हैं।''''
हालांकि, घाटाल ब्लॉक तृणमूल अध्यक्ष दिलीप माझी ने कहा, “वे जो कुछ भी कह रहे हैं वह झूठ है। हमें नहीं पता कि असित घोष तृणमूल कांग्रेस के किस रैंक के नेता हैं। वास्तव में, भाजपा जानबूझकर तृणमूल कांग्रेस को बदनाम करने के यह सब कर रही है।”