वैभव सूर्यवंशी का लिस्ट-ए क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक, महज 29 गेंदों में 94 रन ठोक दिए
भाजपा प्रत्याशी को देखते ही तृणमूल समर्थकों ने गो बैक के नारे लगाने शुरू कर दिये। कुल मिलाकर स्थिति युद्ध के मैदान में तब्दील हो गयी
कोलकाता। बंगाल में भले ही मतदान शांतिपुर्ण हो रहा हो लेकिन मतदान से पहले हिंसा का दौर जारी है। एक तरफ जहाँ अग्निमित्रा पाल और मिथुन के संयुक्त रोड-शो में बोतलों की बारिश हुई तो दूसरी तरफ बेलियाघाटा में तृणमूल-बीजेपी के बीच हाथापाई के कारण इलाका रणक्षेत्र में तब्दील हो गया। स्थिति को नियंत्रण करने के लिये ना केवल भारी संख्या में पुलिस बल्कि अर्द्धसैनिक बलों के जवानों को भी उतारना पड़ा।
दरअसल 80 साल के उपर उम्र वालों मतदाताओं से घर घर जाकर वैलेट बाक्स में वोट लिया जा रहा है इसी के तहत उत्तर कोलकाता लोकसभा केन्द्र के अंतर्गत बेलियाघाट में 2 बुजुर्गो से वोट लेने के लिये मतदान कर्मी घर पहुँचे थे। स्थानीय तृणमूल समर्थकों का आरोप है कि भाजपा बाहरी लोगों को लाकर मतदाताओं को प्रभावित करने की कोशिश कर रही है। इसे लेकर दोनों पार्टी के समर्थकों के बीच मारपीट और फिर खून-खराबा हो गया। घटना की खबर पाकर बीजेपी प्रत्याशी तापस मौके पर पहुँचे और उन्होंने सवाल उठाया कि बाहरी व्यक्ति कौन है? उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि तृणमूल कांग्रेस के कई लोग बाहरी हैं। उन्होंने शत्रुघ्न सिन्हा से लेकर युसूफ पठान तक सभी के नाम का उल्लेख किया।
भाजपा प्रत्याशी को देखते ही तृणमूल समर्थकों ने गो बैक के नारे लगाने शुरू कर दिये। कुल मिलाकर स्थिति युद्ध के मैदान में तब्दील हो गयी। अर्द्धसैनिक बलों के जवानों ने स्थिति को नियंत्रित किया।