Please wait
वैभव सूर्यवंशी का लिस्ट-ए क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक, महज 29 गेंदों में 94 रन ठोक दिए Sudhir wins historic अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर रेड रोड में भव्य आयोजन, पीएम मोदी बोले - योग मानव चेतना से जुड़ने का जरिया Sudhir wins historic झारखंड राज्यसभा चुनाव: झामुमो के बैद्यनाथ राम और निर्दलीय परिमल नथवानी विजयी Sudhir wins historic फलता हिंसा पर मुख्यमंत्री का सख्त संदेश, बोले- कोई कानून हाथ में न ले, हमलावरों की संपत्ति भी होगी जब्त Sudhir wins historic वरिष्ठ तृणमूल नेता और पूर्व मंत्री उदयन गुहा गिरफ्तार Sudhir wins historic फुटपाथ पर मुड़ी-घुघनी खाते दिखे मंत्री शंकर घोष Sudhir wins historic पारसी फायर टेम्पल से हटेगा अवैध कब्जा Sudhir wins historic ममता बनर्जी को एक और झटका, पूर्व मंत्री मानस भुइयां ने तृणमूल कांग्रेस छोड़ी Sudhir wins historic असम में 18 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों के लिए सीधे आधार नहीं : डॉ. हिमंत बिस्व सरमा Sudhir wins historic असम के जोरहाट में वायु सेना का विमान दुर्घटनाग्रस्त, पांच जवान बलिदान Sudhir wins historic

बंगाल के मेडिकल कॉलेजों पर एनएमसी ने लगाया लगभग दो करोड़ रुपये का जुर्माना

हाल ही में एक वर्चुअल बैठक में एनएमसी ने राज्य के मेडिकल कॉलेजों को जुर्माना भरने का निर्देश दिया है

24 May 2025

बंगाल के मेडिकल कॉलेजों पर एनएमसी ने लगाया लगभग दो करोड़ रुपये का जुर्माना

कोलकाता। पश्चिम बंगाल के दर्जनभर सरकारी मेडिकल कॉलेजों को नेशनल मेडिकल कमीशन (एनएमसी) की ओर से लगभग दो करोड़ रुपये का जुर्माना भरना होगा। एनएमसी ने शिक्षक-चिकित्सकों की कम उपस्थिति, आधार-एनेबल्ड फेस बायोमेट्रिक हाज़िरी में खामियां और ढांचागत कमियों के चलते यह कार्रवाई की है। आयोग का कहना है कि पहले से चेतावनी देने के बावजूद इन संस्थानों में सुधार के प्रयास संतोषजनक नहीं पाए गए।
स्वास्थ्य भवन सूत्रों के अनुसार, कोलकाता के एनआरएस मेडिकल कॉलेज पर 22 लाख, पीजी अस्पताल पर 18 लाख, सागर दत्त मेडिकल कॉलेज पर 15 लाख और कोलकाता मेडिकल कॉलेज पर 20 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है।
रिपोर्ट के मुताबिक, पुराने मेडिकल कॉलेजों पर कम से कम 15 लाख और नए कॉलेजों पर करीब 12 लाख रुपये तक की आर्थिक दंड की गई है।
एनआरएस मेडिकल कॉलेज में सबसे अधिक खामियां पाई गईं। इनमें बायोमेट्रिक हाज़िरी की अनियमितता, वरिष्ठ रेजिडेंट डॉक्टरों की कमी, एमबीबीएस परीक्षा में पारदर्शिता की कमी और मरीजों की भर्ती से संबंधित जानकारी में असमानताएं शामिल थीं। यही कारण है कि एनआरएस पर सबसे अधिक जुर्माना लगाया गया है।
राज्य स्वास्थ्य विभाग को पहले से अंदेशा था कि एनएमसी इस दिशा में कड़ी कार्रवाई कर सकती है। इसी कारण पिछले साल के अंत में राज्य सरकार ने आयोग को पत्र लिखकर जुर्माना न लगाने की अपील की थी। अलग-अलग मेडिकल कॉलेजों ने भी एनएमसी को सुधार की जानकारी देकर राहत की मांग की थी। हालांकि, सूत्रों के अनुसार, एनएमसी के अंडरग्रेजुएट मेडिकल एजुकेशन बोर्ड ने इन आग्रहों पर कोई ध्यान नहीं दिया।
हाल ही में एक वर्चुअल बैठक में एनएमसी ने राज्य के मेडिकल कॉलेजों को जुर्माना भरने का निर्देश दिया है। हालांकि अभी तक भुगतान की अंतिम तिथि तय नहीं की गई है, लेकिन माना जा रहा है कि नया शैक्षणिक सत्र शुरू होने से पहले यह राशि जमा करनी होगी।
राज्य के कई मेडिकल कॉलेजों के अधिकारियों का कहना है कि एनएमसी द्वारा पहचानी गई खामियों में से अधिकतर को हाल के महीनों में दूर कर दिया गया है। फिर भी आर्थिक दंड से राहत नहीं मिली है, जिससे स्वास्थ्य शिक्षा प्रणाली पर वित्तीय दबाव बढ़ सकता है।

Ad Image
Comments

No comments to show. Log in to add some!

Other Relevant Stories


मेडिकल कॉलेजों पर एनएमसी ने लगाया लगभग 2 करोड़ का जुर्माना
हाल ही में एक वर्चुअल बैठक में एनएमसी ने राज्य के मेडिकल कॉलेजों को जुर्माना भरने का निर्देश दिया है





Download The Taaza Tv App Now to Stay Updated on the Latest News!


play store download
app store download
app img


Breaking News