Please wait
वैभव सूर्यवंशी का लिस्ट-ए क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक, महज 29 गेंदों में 94 रन ठोक दिए Sudhir wins historic अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर रेड रोड में भव्य आयोजन, पीएम मोदी बोले - योग मानव चेतना से जुड़ने का जरिया Sudhir wins historic झारखंड राज्यसभा चुनाव: झामुमो के बैद्यनाथ राम और निर्दलीय परिमल नथवानी विजयी Sudhir wins historic फलता हिंसा पर मुख्यमंत्री का सख्त संदेश, बोले- कोई कानून हाथ में न ले, हमलावरों की संपत्ति भी होगी जब्त Sudhir wins historic वरिष्ठ तृणमूल नेता और पूर्व मंत्री उदयन गुहा गिरफ्तार Sudhir wins historic फुटपाथ पर मुड़ी-घुघनी खाते दिखे मंत्री शंकर घोष Sudhir wins historic पारसी फायर टेम्पल से हटेगा अवैध कब्जा Sudhir wins historic ममता बनर्जी को एक और झटका, पूर्व मंत्री मानस भुइयां ने तृणमूल कांग्रेस छोड़ी Sudhir wins historic असम में 18 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों के लिए सीधे आधार नहीं : डॉ. हिमंत बिस्व सरमा Sudhir wins historic असम के जोरहाट में वायु सेना का विमान दुर्घटनाग्रस्त, पांच जवान बलिदान Sudhir wins historic

एसआईआर : दस्तावेज़ सत्यापन की प्रगति पर चुनाव आयोग ने रोज़ाना रिपोर्ट तलब की

रिपोर्टिंग व्यवस्था आवश्यक है, क्योंकि अंतिम मतदाता सूची 14 फरवरी को प्रकाशित की जानी है

17 Jan 2026

एसआईआर : दस्तावेज़ सत्यापन की प्रगति पर चुनाव आयोग ने रोज़ाना रिपोर्ट तलब की

कोलकाता। विशेष गहन पुनरीक्षण के तहत पहचान संबंधी दस्तावेज़ों के सत्यापन को लेकर जारी विवादों के बीच चुनाव आयोग ने कड़ा निर्देश जारी किया है। आयोग ने राज्य के सभी निर्वाचन पंजीकरण अधिकारियों और जिला मजिस्ट्रेटों (जो जिला निर्वाचन अधिकारी भी होते हैं) को दस्तावेज़ सत्यापन की प्रगति पर प्रतिदिन अलग-अलग रिपोर्ट भेजने को कहा है।
पश्चिम बंगाल के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय के सूत्रों के अनुसार, आयोग ने दस्तावेज़ सत्यापन के लिए दो-स्तरीय व्यवस्था अपनाने के निर्देश दिए हैं। पहले चरण में सत्यापन निर्वाचन पंजीकरण अधिकारियों द्वारा किया जाएगा, जबकि दूसरे चरण में जिला निर्वाचन अधिकारी इसकी पुनः जांच और पुष्टि करेंगे।
आयोग ने इस प्रक्रिया में विशेष मतदाता सूची पर्यवेक्षकों और सूक्ष्म पर्यवेक्षकों की भूमिका भी स्पष्ट कर दी है। सुनवाई केंद्रों पर तैनात सूक्ष्म पर्यवेक्षक यह सुनिश्चित करेंगे कि मतदाताओं द्वारा प्रस्तुत सहायक पहचान दस्तावेज़ों की जांच आयोग द्वारा तय दिशा-निर्देशों के अनुसार हो रही है या नहीं। किसी भी बड़े या व्यापक स्तर के उल्लंघन की स्थिति में वे इसकी जानकारी सीधे आयोग को देंगे।
वहीं, विशेष मतदाता सूची पर्यवेक्षकों को दूसरे चरण में जिला मजिस्ट्रेटों और जिला निर्वाचन अधिकारियों द्वारा सत्यापित दस्तावेज़ों की जांच करने का अधिकार दिया गया है।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय के एक सूत्र ने बताया कि दस्तावेज़ सत्यापन को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए यह रोज़ाना रिपोर्टिंग व्यवस्था आवश्यक है, क्योंकि अंतिम मतदाता सूची 14 फरवरी को प्रकाशित की जानी है।
फिलहाल उन “अमानचित्रित” मतदाताओं के लिए सुनवाई सत्र चल रहे हैं, जिनका संबंध वर्ष 2002 की मतदाता सूची से न तो स्व-मानचित्रण के माध्यम से और न ही वंशावली मानचित्रण के जरिए स्थापित हो पाया है। दूसरे चरण में वंशावली मानचित्रण के दौरान सामने आई तार्किक विसंगतियों जैसे असामान्य पारिवारिक विवरण वाले मामलों में संबंधित लोगों को सुनवाई के लिए बुलाया जाएगा।
अंतिम मतदाता सूची के प्रकाशन के बाद, आयोग से यह भी उम्मीद की जा रही है कि वह इस वर्ष होने वाले पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों की मतदान तिथियों की घोषणा करेगा।

Ad Image
Comments

No comments to show. Log in to add some!

Other Relevant Stories


दस्तावेज़ सत्यापन की प्रगति पर आयोग ने रिपोर्ट तलब की
रिपोर्टिंग व्यवस्था आवश्यक है, क्योंकि अंतिम मतदाता सूची 14 फरवरी को प्रकाशित की जानी है





Download The Taaza Tv App Now to Stay Updated on the Latest News!


play store download
app store download
app img


Breaking News