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'सपेरे की मौत सांप के हाथ ही होती है'
कोलकाता। अभिषेक बनर्जी पर हुए कथित हमले ने पश्चिम बंगाल की सियासत में भूचाल ला दिया है। इस घटना के बाद सत्तारूढ़ टीएमसी और भाजपा के बीच जहां तलवारें खिंच गई हैं, वहीं विपक्ष के अन्य दल भी इस पर कड़ी प्रतिक्रिया दे रहे हैं। इसी कड़ी में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अधीर रंजन चौधरी ने राज्य की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाते हुए अभिषेक बनर्जी पर हुए हमले को लेकर तीखा तंज कसा है। उन्होंने सांप और सपेरे की कहावत का जिक्र करते हुए कहा कि बंगाल में इन लोगों ने राजनीति की जो हिंसक तहजीब और माहौल तैयार किया था, अब ये खुद ही उसी के शिकार बनते जा रहे हैं।
अधीर रंजन चौधरी ने दो टूक लहजे में कहा कि बंगाल में पहले जिस तरह की हिंसक गुंडागर्दी टीएमसी करती थी, अब सत्ता की ताकत के साथ वही गुंडागर्दी भाजपा कर रही है, इसलिए दोनों में कोई फर्क नहीं है और बात बिल्कुल एक जैसी ही है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि इतिहास गवाह है कि सपेरे की मौत अक्सर सांप के हाथ ही होती है। टीएमसी के राज में बंगाल ने गुंडागर्दी का जो भयावह दौर देखा था, वह आज भी बदस्तूर जारी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में यह सब अब तुरंत बंद होना चाहिए। देश में सभी राजनीतिक पार्टियों को अपनी बात रखने और आजाद होकर सियासत करने का पूरा हक है, लेकिन इसके लिए एक राजनीतिक तहजीब और गरिमा बनी रहनी चाहिए, जो बंगाल से पूरी तरह गायब हो चुकी है।