वैभव सूर्यवंशी का लिस्ट-ए क्रिकेट में सबसे तेज अर्धशतक, महज 29 गेंदों में 94 रन ठोक दिए
अनिल कुमार उपाध्याय का जन्म 04 दिसम्बर, 1962 को हुआ था।
पटना। पटना हाई कोर्ट के न्यायाधीश अनिल कुमार उपाध्याय का बुधवार सुबह निधन हो गया। वे किडनी की समस्या से पीड़ित थे और उनका इलाज चल रहा था। उन्होंने चेन्नई में अंतिम सांस ली।
अनिल उपाध्याय ने 22 मई, 2017 को पटना हाई कोर्ट के जज के रूप कार्यभार ग्रहण किया। उनकी प्रतिभा, विद्वता और कार्य करने की क्षमता बहुत थी। इसी बीच उन्हें किडनी की बीमारी का पता चला। उनके किडनी का प्रत्यारोपण भी हुआ था।
अनिल कुमार उपाध्याय का जन्म 04 दिसम्बर, 1962 को हुआ था। उन्होंने पटना यूनिवर्सिटी से एलएलबी और एलएलएम की डिग्री हासिल की। उपाध्याय ने पटना के कामर्स कालेज में अंशकालिक शिक्षक के रूप में शिक्षण कार्य भी किया। उन्होंने पटना लॉ कॉलेज में भी अंशकालिक शिक्षक के रूप में कार्य किया। चाणक्य राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय में विजिटिंग प्रोफेसर के रूप में 2007 से 2017 कार्यरत रहे। राज्य सरकार कर स्टैंडिंग कॉउन्सिल के पद पर 2010 से 2017 तक रहे।
न्यायाधीश अनिल कुमार उपाध्याय ने 2020 में शराब पीने के मामले में बंद लोगों की जमानत मामले पर सुनवाई करते हुए कहा था कि शराबबंदी कानून का दुरुपयोग हो रहा है। गांधी जी की तरह बदलाव लाना अच्छी बात है लेकिन सजा इतनी बड़ी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने शराबबंदी और शिक्षक नियोजन से संबंधित कई मामलों में विद्वता से कई फैसले सुनाए थे।